( मुस्लिम साधको के लिए) यह कड़ा या घेरा साधना के दौरान एक ढाल की तरह काम करता है — साधक की हिफ़ाज़त करता है और नुक़सान से बचाता है।जो भी कड़ा या रक्षा-मन्त्र लगाते हैं, उसकी जकात पहले निकाल लें। जकात किसी विद्वान गुरु या भरोसेमंद उस्ताद की मौजूदगी में दें। जकात देने के…

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