November 19, 2025 गुरु-मंत्र दिव्य रहस्य है, इसे हर किसी के सामने उजागर नहीं किया जाता। सच्चा शिष्य वही है जो हर क्षण—उठते, बैठते, सोते, जागते—गुरु-मंत्र का जप करे। शिष्य की सभी बाधाएँ गुरु अपने ऊपर ले लेते हैं; शिष्य का लक्ष्य केवल गुरु को हृदय में स्थापित करना है। जब “गुरु” शब्द लेते ही आँखें भर आएँ,… Premium Membership Required You must be a Premium member to access this content. Join Now Already a member? Log in here