एक गुप्त मंत्र जो मुझे धुआं वावा ने बताया था जिसे मैने आज तक किसी को भी नहीं बताया


इस मंत्र का जप ग्रहण काल में जितना हो सके कीजिए मंत्र सिद्ध हो

जाएगा ग्रहण के बाद स्नान करके जप का दशांश हवन तर्पण मार्जन कीजिए ।

सिद्धि के बाद प्रयोग लेवे ,मन्त्र के कार्य की प्रवृति बताती है कि सर्व कार्य सिद्धि होगा

अर्थात जैसे जैसे आप जप करेंगे रोज उससे आपके कार्य में सिद्धि आती है स्वत : काम बनते है |

द्वारा :सारस्वत जी