तंत्र साधना का मार्ग अत्यंत व्यापक, गूढ़ और सूक्ष्म ऊर्जा विज्ञान पर आधारित होता है। यहाँ मंत्र केवल शब्द नहीं, बल्कि चेतना के विशेष कंपनों को सक्रिय करने वाली ध्वनि-ऊर्जाएँ हैं, और प्रत्येक देवी–देवता का मंत्र अपने साथ एक विशिष्ट ऊर्जा-तत्त्व रखता है। काली, तारा, छिन्नमस्ता, भैरवी जैसी उग्र देवियाँ जहाँ साधक के भीतर स्थित…...

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